सिनॉप्सिस
सच और चालाकी के बीच फँसा शौर्य जब अपना फैसला करता है, तो वफ़ादारी ख़तरे में बदल जाती है और यह उजागर हो जाता है कि मालिनी कितनी दूर तक जाने को तैयार है; यहाँ से निकलने की क़ीमत शायद रुकने से भी ज़्यादा हो सकती है।
अभिनीत
अली हसन,आकांक्षा चमोला,कुँवर अमरजीत सिंह,कृति गर्ग,अंकुर भारद्वाज,माही खान,कौशकी मिश्रा,विनोद पाल,श्वेता राज,मनोहर तेली
निर्देशक
एस. कुमार
सामग्री सलाहकार
Sexual Content,Drugs,Smoking,Intimacy,Mature Theme,Violence,Language,Suspense


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